चंद्रमा पृथ्वी पर नीचे क्यों नहीं गिरता?

पृथ्वी का गुरुत्व चंद्रमा को लगातार अपनी ओर खींचता रहता है। राज़ उसकी बग़ल की गति में है।चंद्रमा को पृथ्वी का गुरुत्व लगातार अपनी ओर खींचता रहता है। पर चंद्रमा बग़ल की ओर इतनी तेज़ चलता है कि वह पृथ्वी से टकराए बिना निकल जाता है। गुरुत्व और आगे बढ़ने की गति का यही संतुलन चंद्रमा को कक्षा में बनाए रखता है—वह हमेशा गिरता रहता है, पर कभी टकराता नहीं।

चंद्रमा हमेशा गिरता रहता है
चंद्रमा पृथ्वी के चारों ओर घूमने वाला एक प्राकृतिक "उपग्रह" है। NASA के अनुसार, कक्षा में मौजूद कोई वस्तु अगर गुरुत्व न खींचे, तो वह सीधी रेखा में अंतरिक्ष में उड़ जाएगी। पर पृथ्वी का गुरुत्व चंद्रमा को खींचता है, इसलिए चंद्रमा हमेशा पृथ्वी की ओर खिंचा रहता है। यानी चंद्रमा रुका हुआ नहीं है—वह पृथ्वी की ओर "गिरता रहता" है।
बग़ल की गति है असली कुंजी
कक्षा बनने के लिए आगे बढ़ने की गति (संवेग) और गुरुत्व के खिंचाव में संतुलन चाहिए। अगर आगे बढ़ने की गति बहुत तेज़ हो, तो चंद्रमा पृथ्वी से आगे निकल जाएगा। बहुत कम हो, तो खिंचकर नीचे गिर जाएगा। चंद्रमा पृथ्वी की ओर खिंचते हुए भी बग़ल की ओर इतनी तेज़ चलता है कि वह पृथ्वी के चारों ओर घूमता रहता है। NASA कहता है कि "वह गिरते हुए भी बग़ल में इतनी तेज़ चलता है कि ग्रह से टकराता नहीं।"
परिक्रमा नाम का संतुलन
गुरुत्व और बग़ल की गति के संतुलन की अवस्था ही "कक्षा" या "परिक्रमा" कहलाती है। कक्षा पूरी तरह गोल नहीं होती, वह थोड़ी अंडाकार (दीर्घवृत्त) होती है। चंद्रमा और पृथ्वी की दूरी भी थोड़ी बदलती रहती है—एक नज़दीकी बिंदु और एक दूर का बिंदु होता है। फिर भी चंद्रमा पृथ्वी पर गिरता नहीं है।

उपग्रह और ग्रह, एक ही नियम
अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) भी इसी तरीके से पृथ्वी के चारों ओर घूमता है। कृत्रिम उपग्रह आगे बढ़ने की गति बहुत तेज़ होने पर अंतरिक्ष में निकल जाता है, और बहुत कम होने पर गिर जाता है। पृथ्वी सूर्य के चारों ओर इसलिए घूमती है क्योंकि सूर्य का गुरुत्व और पृथ्वी की बग़ल की गति में संतुलन है। चंद्रमा भी इसी तरीके से पृथ्वी के चारों ओर घूमता रहता है।
और जानना चाहते हैं?
- चंद्रमा एक प्राकृतिक उपग्रह है। कृत्रिम उपग्रहों की तरह, कक्षा में घूमने वाले आकाशीय पिंड को "सैटेलाइट (उपग्रह)" कहते हैं।
- चंद्रमा का गुरुत्व समुद्र के पानी को खींचता है और पृथ्वी पर ज्वार-भाटा (ज्वार) पैदा करता है।
- कक्षा पूरी तरह गोल नहीं होती, इसलिए चंद्रमा और पृथ्वी की दूरी एक जैसी नहीं रहती। सबसे नज़दीकी बिंदु को "उपभू (पेरिजी)" और सबसे दूर के बिंदु को "अपभू (एपोजी)" कहा जाता है।

त्वरित प्रश्नोत्तरी: खुद को परखें
चंद्रमा पृथ्वी पर गिरता नहीं, इसका सबसे बड़ा कारण कौन-सा है?
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- पृथ्वी का गुरुत्व बहुत कमज़ोर है।
- चंद्रमा बग़ल की ओर काफ़ी तेज़ चलता है।
- चंद्रमा के चारों ओर मोटी हवा की परत है।
चंद्रमा बग़ल की ओर काफ़ी तेज़ चलता है। पृथ्वी का गुरुत्व चंद्रमा को लगातार खींचता रहता है, पर चंद्रमा बग़ल की ओर इतनी तेज़ चलता है कि वह सीधा गिरने के बजाय पृथ्वी के चारों ओर घूमता रहता है। गुरुत्व और बग़ल की गति का यही संतुलन परिक्रमा है।
पृथ्वी का गुरुत्व चंद्रमा को लगातार खींचता रहता है, पर चंद्रमा बग़ल की ओर इतनी तेज़ चलता है कि वह सीधा गिरने के बजाय पृथ्वी के चारों ओर घूमता रहता है। गुरुत्व और बग़ल की गति का यही संतुलन परिक्रमा है।
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- What Is an Orbit?NASA Space Place
- What Is Gravity?NASA Space Place
यह लेख 2026-10-03 तक ऊपर दिए गए स्रोतों की जाँच करके लिखा गया था। शोध आगे बढ़ने पर व्याख्याएँ बदल सकती हैं। फ़ोटो के श्रेय प्रत्येक फ़ोटो के नीचे दिए गए हैं।



